JHARKHAND: झारखंड में लगातार बढ़ती शीतलहर और कड़ाके की ठंड को देखते हुए राज्य सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। स्कूली बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सरकार ने राज्यभर के सभी स्कूलों को 6 जनवरी से 8 जनवरी तक बंद रखने का आदेश जारी किया है। स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग की ओर से जारी निर्देश के अनुसार यह आदेश राज्य के सभी सरकारी, गैर-सरकारी, सहायता प्राप्त, अल्पसंख्यक और निजी विद्यालयों पर लागू होगा। प्री-नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के सभी विद्यार्थियों के लिए कक्षाएं स्थगित रहेंगी।
विभाग ने स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर लिया विशेष निर्णय
विभाग ने कहा है कि यह निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है। पिछले कुछ दिनों से राज्य में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे शीतलहर की स्थिति बनी हुई है। विभाग ने स्पष्ट किया कि ठंड के कारण विद्यार्थियों के बीमार पड़ने का खतरा बढ़ गया है, ऐसे में यह निर्णय एहतियात के तौर पर लिया गया है। हालांकि, आदेश में यह भी कहा गया है कि इस अवधि में सरकारी विद्यालयों के शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मी नियमित रूप से विद्यालय में उपस्थित रहेंगे। उन्हें ई-विद्या वाहिनी पोर्टल पर अपनी उपस्थिति दर्ज कर विभागीय गैर-शैक्षणिक कार्यों का निष्पादन करना होगा।
विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन विद्यालयों में इस दौरान प्री-बोर्ड या अन्य आंतरिक परीक्षाएं निर्धारित हैं, वे स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार परीक्षा आयोजित करने या स्थगित करने का निर्णय ले सकते हैं।
बता दें कि राज्य में पहले से शीतकालीन अवकाश चल रहा था और स्कूलों को 5 जनवरी से खोलने की योजना थी। लेकिन ठंड की बढ़ती तीव्रता को देखते हुए पहले 5 और 6 जनवरी को अवकाश बढ़ाया गया, अब इसे आगे बढ़ाकर 8 जनवरी तक कर दिया गया है।
मौसम विभाग के अनुसार, आगामी दिनों में भी राज्य के कई जिलों में शीतलहर और घने कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। सरकार ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को ठंड से बचाने के लिए सावधानी बरतें और बिना आवश्यकता घर से बाहर न निकलने दें।
शीतलहर के बीच लिया गया यह निर्णय राज्य सरकार की सतर्कता और बच्चों की सुरक्षा के प्रति संवेदनशीलता को दर्शाता है। अब सभी की निगाहें मौसम की अगली स्थिति और स्कूलों के पुनः संचालन से जुड़े सरकारी फैसले पर टिकी हैं।









