रांची। एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के गंभीर आरोप में कारोबारी विनय सिंह को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई कांड संख्या 20/2025 के तहत की गई है। गिरफ्तारी के बाद ACB ने विनय सिंह को रिमांड पर लिया है, जिससे उनकी कानूनी परेशानियां और बढ़ गई हैं।
सूत्रों के मुताबिक, विनय सिंह इस समय चार अलग-अलग आपराधिक मामलों में आरोपी हैं। इनमें से एक मामला शराब घोटाले से जुड़ा हुआ है, जिसमें उन्हें आंशिक राहत मिली है। हालांकि, शेष तीन मामलों में जमानत मिलना अभी बाकी है। सभी मामलों में जमानत मिलने के बाद ही उनकी रिहाई संभव हो पाएगी।
ACB ने आय से अधिक संपत्ति मामले में विस्तृत जांच शुरू कर दी है। जांच एजेंसी आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है और उनकी चल-अचल संपत्तियों, आय के स्रोतों, बैंक खातों और लेन-देन से जुड़े सभी पहलुओं की गहन पड़ताल की जा रही है। ACB का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इस मामले में IAS अधिकारी विनय चौबे, उनकी पत्नी स्वप्ना संचिता, कारोबारी विनय सिंह और उनकी पत्नी स्निग्धा सिंह समेत कुल सात लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया है। ACB के अनुसार, सभी आरोपियों की भूमिका की अलग-अलग स्तर पर जांच की जा रही है।
गौरतलब है कि विनय सिंह के खिलाफ रांची के जगन्नाथपुर थाना में भी एक अलग मामला दर्ज है, जो उनकी मुश्किलों को और बढ़ाता है। मामले की गंभीरता को देखते हुए ACB ने जांच की रफ्तार तेज कर दी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां या खुलासे होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।
ACB का स्पष्ट कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी और कानून के दायरे में रहकर सभी दोषियों पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।









