RANCHI MUNICIPLE ELECTION : रांची नगर निगम चुनाव को लेकर नामांकन के पहले दो दिनों तक समाहरणालय परिसर में स्थिति सामान्य बनी रही. अधिकांश लोग केवल नामांकन पत्र खरीदने पहुंचे थे, जिससे ज्यादा भीड़ नजर नहीं आई. लेकिन मंगलवार को माहौल पूरी तरह बदल गया. सुबह से ही समाहरणालय के ए-ब्लॉक के बाहर प्रत्याशियों के काफिले पहुंचने लगे. समर्थक झंडे, बैनर और पोस्टर लेकर नारेबाजी करते दिखे और परिसर चुनावी रंग में रंग गया. कई प्रत्याशी शक्ति प्रदर्शन के साथ नामांकन करने पहुंचे, जबकि कुछ ने सादगीपूर्ण तरीके से पर्चा दाखिल किया. बुधवार चार फरवरी को नामांकन का अंतिम दिन होने के कारण मंगलवार को नामांकन करने वालों की संख्या अपेक्षाकृत अधिक रही. दिनभर नामांकन कक्षों के बाहर हलचल बनी रही.
सुरक्षा के कड़े इंतजाम, प्रशासन रहा सतर्क
भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे. समाहरणालय परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी. बैरिकेडिंग के साथ प्रवेश पास की व्यवस्था लागू रही, ताकि अनावश्यक भीड़ को नियंत्रित किया जा सके. प्रत्याशियों को नामांकन कक्ष तक पहुंचने के लिए निर्धारित मार्ग से भेजा गया. हालांकि भीड़ के दबाव के कारण कुछ समय के लिए ए और बी ब्लॉक के मुख्य द्वार पर अव्यवस्था की स्थिति बनी, लेकिन प्रशासनिक अधिकारियों की तत्परता से हालात जल्द ही काबू में आ गए.
महिलाओं और युवाओं की मजबूत भागीदारी
नामांकन प्रक्रिया के दौरान आचार संहिता के पालन पर प्रशासन की कड़ी नजर रही. इस बार नगर निकाय चुनाव में महिलाओं और युवाओं की भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही. बड़ी संख्या में महिला प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया, जो स्थानीय शासन में उनकी बढ़ती भूमिका को दर्शाता है. वहीं, पहली बार चुनाव लड़ रहे युवाओं में भी खासा उत्साह देखने को मिला. युवा प्रत्याशियों के साथ उनके समर्थकों की टोली अलग ही रंग में नजर आई.
मेयर पद के लिए 10 उम्मीदवार मैदान में
नगर निगम चुनाव के तहत नामांकन के दूसरे दिन चुनावी हलचल और तेज हो गई. मेयर पद के लिए कुल 10 नामांकन पत्र दाखिल किए गए. झारखंड महिला कांग्रेस की अध्यक्ष और पूर्व मेयर रमा खलखो ने मेयर पद के लिए नामांकन किया. नामांकन के दौरान मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की, वरिष्ठ कांग्रेस नेता सुबोधकांत सहाय और बंधु तिर्की मौजूद रहे. मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि रमा खलखो के अनुभव का लाभ रांची शहर को मिलेगा और नगर निगम को मजबूत नेतृत्व मिलेगा. इसके अलावा निर्दलीय प्रत्याशी संजय टोप्पो ने भी मेयर पद के लिए नामांकन दाखिल किया. वहीं बुंडू नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए तीन नामांकन पत्र भरे गए.
पार्षद पद के लिए 197 नामांकन
नगर निगम चुनाव में पार्षद पद के लिए कुल 197 नामांकन पत्र दाखिल किए गए. इनमें 118 महिला प्रत्याशी शामिल हैं. यह आंकड़ा नगर निगम चुनाव में महिला सशक्तिकरण की मजबूत तस्वीर पेश करता है. इसके अलावा वार्ड सदस्य पद के लिए 25 प्रत्याशियों ने पर्चा भरा, जिनमें 12 महिलाएं हैं. इससे साफ है कि स्थानीय राजनीति में महिलाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है.
चुनावी खर्च पर रहेगी सख्त निगरानी
प्रशासन ने चुनावी खर्चों पर कड़ी नजर रखने की तैयारी पूरी कर ली है. रांची जिले में व्यय अनुश्रवण प्रबंधन कोषांग का गठन किया गया है. इसके तहत प्रत्याशियों को चुनाव से संबंधित व्यय लेखा पंजी तैयार करने की प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी. रांची नगर निगम में महापौर और वार्ड सदस्य पद के उम्मीदवारों के लिए नौ फरवरी की दोपहर तीन बजे से समाहरणालय भवन के बी ब्लॉक स्थित कमरा संख्या जी-10 में प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा. वहीं बुंडू नगर परिषद के अध्यक्ष और वार्ड सदस्य पद के उम्मीदवारों को इसी दिन और समय पर अनुमंडल कार्यालय बुंडू के सभागार में प्रशिक्षण दिया जाएगा.
तीन चरणों में होगी खर्च के हिसाब-किताब की जांच
निर्वाचन से जुड़े खर्चों की जांच तीन चरणों में की जाएगी. रांची नगर निगम के प्रत्याशी 12, 16 और 20 फरवरी को समाहरणालय बी ब्लॉक के कमरा संख्या जी-10 में अपने व्यय लेखा पंजी की जांच कराएंगे. इसी तरह बुंडू नगर परिषद क्षेत्र के उम्मीदवार भी इन तिथियों पर अनुमंडल कार्यालय बुंडू के सभागार में अपने चुनावी खर्चों का लेखा-जोखा प्रस्तुत करेंगे. प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि नियमों के पालन में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई
प्रशासन ने सभी उम्मीदवारों को निर्देश दिया है कि वे निर्धारित तिथियों पर अनिवार्य रूप से जांच दल के समक्ष उपस्थित होकर अपने चुनावी व्यय का सही तरीके से पंजीकरण और सत्यापन कराएं. नियमों के उल्लंघन या लापरवाही की स्थिति में कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है.
मतदान कर्मियों के प्रशिक्षण में 80% उपस्थिति
नगर निगम चुनाव को लेकर पीठासीन पदाधिकारी और मतदान पदाधिकारियों के प्रथम चरण के प्रशिक्षण के दूसरे दिन मंगलवार को करीब 80% कर्मी उपस्थित रहे. निर्धारित कार्यक्रम के तहत 1800 अधिकारियों और कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जाना था, लेकिन 343 कर्मी अनुपस्थित पाए गए. यह प्रशिक्षण रांची यूनिवर्सिटी के पीजी डिपार्टमेंट ब्लॉक-डी, मोरहाबादी में चल रहा है. अनुपस्थिति को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है.
नदारद रहने वालों पर होगी विभागीय कार्रवाई
प्रशिक्षण तीन पालियों में आयोजित किया जा रहा है. पहली पाली में 600 कर्मियों के लक्ष्य के विरुद्ध 496 कर्मी उपस्थित हुए, जबकि 104 कर्मी गैरहाजिर रहे. दूसरी पाली में 600 में से 480 कर्मी शामिल हुए और 120 अनुपस्थित रहे. तीसरी पाली में 600 के लक्ष्य के मुकाबले 481 कर्मी उपस्थित हुए, जबकि 119 कर्मी गैरहाजिर पाए गए. अधिकारियों ने बताया कि अनुपस्थित कर्मियों से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा. जवाब संतोषजनक नहीं होने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी. आगामी चरण के प्रशिक्षण में निगरानी और सख्ती और बढ़ाई जाएगी, ताकि मतदान प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और सुचारू ढंग से संपन्न कराया जा सके.









